मंत्री कैड़ा ने जलागम विभाग की समीक्षा बैठक में दिए समयबद्ध कार्य पूरे करने के निर्देश
गुरजोत सिंह राठौर – सवांददाता
गौला-लधिया समेत प्रदेश की नदियों के पुनर्जीवीकरण कार्यों में तेजी लाने पर जोर
देहरादून। कैबिनेट मंत्री राम सिंह कैड़ा की अध्यक्षता में देहरादून में जलागम विभाग के विकास कार्यों और प्रदेश व जनपद नैनीताल में प्राकृतिक जल स्रोतों, धाराओं एवं सहायक नदियों के संरक्षण, उपचार और पुनर्जीवीकरण को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में गौला और लधिया नदी समेत प्रदेश की अन्य नदियों की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार किए जाने की प्रगति की समीक्षा की गई।
बैठक में अधिकारियों ने बताया कि स्प्रिंग एंड रिवर रिजूविनेशन प्राधिकरण (SARRA) के माध्यम से गौला एवं लधिया नदियों के कैचमेंट क्षेत्रों का वैज्ञानिक उपचार और नदी पुनर्जीवीकरण कार्य चरणबद्ध तरीके से किया जा रहा है। इसके लिए नदियों के संपूर्ण कैचमेंट क्षेत्र का विस्तृत सर्वेक्षण कराया जा रहा है। सर्वेक्षण के बाद GBPNIHE के माध्यम से तकनीकी अध्ययन एवं रिपोर्ट तैयार कराई जाएगी, जिसके आधार पर प्राथमिकता के अनुसार चरणबद्ध DPR तैयार की जाएगी।
अधिकारियों ने बताया कि दोनों नदियों के कैचमेंट क्षेत्र में 19 सूक्ष्म जलागम क्षेत्र हैं, जिनके अंतर्गत करीब 475 ग्राम पंचायतें आती हैं। क्षेत्रफल अधिक होने और संसाधनों की सीमित उपलब्धता के कारण सर्वेक्षण में समय लग रहा है। उपलब्ध संसाधनों के समन्वित उपयोग से चयनित सूक्ष्म जलागम क्षेत्रों की ग्राम पंचायतों में सर्वेक्षण कार्य पूरा किया जा चुका है।
मंत्री राम सिंह कैड़ा ने अधिकारियों को कार्यों में तेजी लाने और सभी प्रक्रियाओं को तय समयसीमा में पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रावधानों के अनुसार चयन प्रक्रिया को प्राथमिकता के आधार पर एक माह के भीतर पूरा करने को कहा।
ईको-फ्रेंडली बैग के इस्तेमाल पर जोर
बैठक में जलागम विभाग की योजनाओं के तहत आयोजित क्षमता विकास कार्यशालाओं और प्रशिक्षण कार्यक्रमों में पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने पर भी जोर दिया गया। मंत्री ने निर्देश दिए कि प्रशिक्षण सामग्री के लिए इस्तेमाल होने वाले बैग पर संबंधित परियोजना और विभाग का लोगो अंकित किया जाए तथा केवल जूट या कपड़े के ईको-फ्रेंडली बैग का इस्तेमाल किया जाए।
मंत्री ने राज्य के विभिन्न जनपदों में जलागम विभाग द्वारा किए जा रहे उत्कृष्ट कार्यों के व्यापक प्रचार-प्रसार की आवश्यकता भी बताई। उन्होंने विभागीय कार्यों और उपलब्धियों को प्रभावी ढंग से आम जनता तक पहुंचाने के निर्देश दिए।
UCRRFP परियोजना की भी हुई समीक्षा
बैठक में विश्व बैंक पोषित UCRRFP परियोजना के तहत किए जा रहे कार्यों की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों को परियोजना से संबंधित आवश्यक कार्यवाही जल्द पूरी करने के निर्देश दिए गए। साथ ही प्रदेश और नैनीताल जनपद की आच्छादित ग्राम पंचायतों में परियोजना के द्वितीय चरण की अभिमुखीकरण कार्यशाला आयोजित करने को कहा गया।
परियोजना के तहत चयनित सीमांत और कमजोर वर्ग के व्यक्तियों एवं समूहों को आय-अर्जक गतिविधियों के लिए सहयोग उपलब्ध कराने तथा ग्राम पंचायत स्तर पर आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक के अंत में मंत्री कैड़ा ने सभी अधिकारियों को निर्धारित समयसीमा के भीतर निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करने को कहा। सचिव जलागम, उत्तराखंड शासन दलीप जवारकर ने भी संबंधित अधिकारियों को बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुरूप समयबद्ध कार्रवाई पूरी करने के निर्देश दिए।
बैठक में जलागम विभाग के उच्चाधिकारी एवं संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

