कोसी नदी में 10 टायरा ट्रकों के संचालन पर रोक की मांग, पूर्व विधायक रणजीत रावत के नेतृत्व में डीएफओ कार्यालय पहुंचे ट्रांसपोर्टर।
गुरजोत सिंह राठौर – सवांददाता
रामनगर। कोसी नदी के खनन गेटों पर 10 टायरा ट्रकों के संचालन को प्रतिबंधित किए जाने की मांग को लेकर पूर्व विधायक रणजीत रावत के नेतृत्व में सैकड़ों स्थानीय ट्रांसपोर्टर, कारोबारी और कांग्रेस कार्यकर्ता तराई पश्चिमी वन प्रभाग के रामनगर स्थित कार्यालय पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने विरोध जताते हुए प्रभागीय वनाधिकारी को ज्ञापन सौंपा।
पूर्व विधायक रणजीत रावत ने आरोप लगाया कि कोसी नदी में 10 टायरा ट्रकों से खनन सामग्री का अभिवहन अवैधानिक है। उन्होंने कहा कि प्रचलित खनन नीति में भी 10 टायरा ट्रकों से अभिवहन का प्रावधान नहीं है। रावत के अनुसार, पूर्व में स्थानीय कारोबारियों द्वारा विरोध जताए जाने के बाद वन विभाग और खनन कारोबारियों की संयुक्त बैठक में नदी के खनन गेटों पर 10 टायरा ट्रकों के संचालन पर रोक लगाने का निर्णय लिया गया था।
उन्होंने आरोप लगाया कि इसके बावजूद तराई पश्चिमी वन प्रभाग के अंतर्गत आने वाले नदी के गेटों पर 10 टायरा ट्रकों का संचालन जारी है। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय लोगों के रोजगार का हवाला देते हुए 10 टायरा ट्रकों के संचालन पर तत्काल रोक लगाने की मांग की।
रणजीत रावत ने चेतावनी दी कि यदि मांग पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो कांग्रेस पार्टी के नेतृत्व में आंदोलन किया जाएगा।
इस दौरान ब्लॉक अध्यक्ष रामनगर देशबंधु रावत, नगर अध्यक्ष भुवन शर्मा, ब्लॉक अध्यक्ष मालधन ओमप्रकाश, महिला कांग्रेस नगर अध्यक्ष ललित उपाध्याय, ब्लॉक अध्यक्ष महिला कांग्रेस रामनगर उषा जोशी, ब्लॉक अध्यक्ष महिला कांग्रेस मालधन पुष्पा देवी, जिला उपाध्यक्ष अनिल अग्रवाल खुलासा, कांग्रेसी नेता भुवन पांडे, सभासद एडवोकेट विक्रम भट्ट, सभासद मोहम्मद अजमल, ममता आर्या समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता, स्थानीय खनन कारोबारी और ट्रांसपोर्टर मौजूद रहे।

