रामनगर में परिवहन विभाग की बड़ी कार्रवाई, 170 वाहनों के चालान और 22 वाहन सीज।
गुरजोत सिंह राठौर – सवांददाता
रामनगर। सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के उल्लंघन के खिलाफ परिवहन विभाग ने रामनगर क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई की है। पिछले तीन-चार दिनों से चलाए जा रहे रात्रि चेकिंग अभियान के दौरान विभाग ने करीब 170 वाहनों के चालान किए, जबकि 22 वाहनों को सीज किया गया। कार्रवाई में ओवरलोडिंग, बिना फिटनेस और परमिट के वाहन संचालन, बिना लाइसेंस ई-रिक्शा समेत सड़क पर खतरा पैदा करने वाले वाहनों को निशाने पर लिया गया।
एआरटीओ प्रवर्तन पंकज श्रीवास्तव ने बताया कि अधिकारियों के निर्देश पर रामनगर-हल्द्वानी मार्ग समेत रामनगर और आसपास के क्षेत्रों में लगातार रात्रि चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। बाइक स्क्वाड के सब इंस्पेक्टर गोविंद सिंह पटियाल के साथ की गई चेकिंग में बड़ी संख्या में वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की गई।
चेकिंग के दौरान अधिकांश सीज वाहन बिना फिटनेस या ओवरलोड पाए गए। वहीं दो वाहन चालक नशे की हालत में वाहन चलाते मिले। दोनों वाहनों को सीज करने के साथ चालकों की काउंसलिंग कर उनके परिजनों को बुलाया गया और उन्हें परिजनों के सुपुर्द किया गया।
परिवहन विभाग ने ऐसे वाहनों के खिलाफ भी विशेष कार्रवाई की, जिनमें सरिया, लकड़ी, बांस या अन्य सामान वाहन की बॉडी से बाहर निकला हुआ था। एआरटीओ ने बताया कि इस तरह बाहर निकला सामान सड़क पर दूसरे वाहन चालकों के लिए गंभीर खतरा बन सकता है। कई वाहनों में बाहर निकले सामान पर सुरक्षा संकेत के तौर पर लाल-नीला कपड़ा या चेतावनी चिन्ह तक नहीं लगाया गया था। ऐसे 12 वाहनों के चालान और 10 वाहनों को सीज किया गया।
वहीं ओवरलोडिंग और अन्य यातायात नियमों के उल्लंघन पर डंपरों के खिलाफ भी कार्रवाई जारी है। एआरटीओ के मुताबिक अब तक करीब 7 से 8 डंपरों के चालान किए जा चुके हैं, जबकि 4 डंपर सीज किए गए हैं।
ई-रिक्शा के खिलाफ भी विभाग ने अभियान तेज किया है। सीएम हेल्पलाइन और आम जनता से लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि कई ई-रिक्शा बिना लाइसेंस, परमिट और टैक्स के संचालित हो रहे हैं। जांच में शिकायतें सही पाए जाने पर ऐसे ई-रिक्शा चालकों के खिलाफ कार्रवाई की गई।
एआरटीओ पंकज श्रीवास्तव ने कहा कि परिवहन विभाग का उद्देश्य किसी वर्ग को परेशान करना नहीं, बल्कि सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करना और यातायात नियमों का पालन कराना है। उन्होंने बताया कि सीज किए गए वाहनों को रखने के लिए विभागीय कार्यालय में जगह सीमित है। नया कार्यालय तैयार हो चुका है और पुलिस से भी अतिरिक्त स्थान उपलब्ध कराने का अनुरोध किया गया है, जिससे भविष्य में प्रवर्तन कार्रवाई को और प्रभावी बनाया जा सके।
परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया है कि ओवरलोडिंग, बिना फिटनेस, बिना परमिट और अन्य गंभीर यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।

